/ / भारत का पहला जलमार्ग बंदरगाह वाराणसी में आरंभ हुआ।

भारत का पहला जलमार्ग बंदरगाह वाराणसी में आरंभ हुआ।


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 12 नवम्बर 2018 को अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी को रु 2400 करोड़ की सौगात दी. प्रधानमंत्री ने अपने संसदीय निर्वाचन क्षेत्र वाराणसी में देश के पहले मल्टी-मॉडल टर्मिनल समेत रु 24.3 करोड़ की परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया. यह जलमार्ग वाराणसी हल्दिया मार्ग पर बनाया गया है. गंगा नदी में बंगाल से वाराणसी तक पोत का परिचालन शुरू हो गया है.

आजाद भारत में पहली बार गंगा के रास्ते एक कंटेनर कोलकाता से वाराणसी पहुँचा है. पेप्सिको कम्पनी गंगा नदी के रास्ते जलपोत एमवी आरएन टैगोर के जरिए अपने 16 कंटेनर को कोलकाता से वाराणसी लेकर आई. इनलैंड वाटर हाइवे-1 पर दो जहाजों के माध्यम से ये कंटेनर आए, जिन्हें 30 अक्टूबर को कोलकाता से रवाना किया गया था.
यह जलपोत एमवी आरएन टैगोर वाराणसी से इफ्को कंपनी का उर्वरक लेकर वापस कोलकाता लौटेंगे, इस टर्मिनल को हल्दिया-वाराणसी के बीच राष्ट्रीय जलमार्ग-1 पर विकसित किया जा रहा है.
इस टर्मिनल के जरिए 1500 से 2000 टन के बड़े जहाजों की भी आवाजाही संभव हो सकेगी.