रेलवे सुरक्षा बल में प्रशासनिक सुधार
पृष्ठभूमि
  • रेलवे सुरक्षा बल के अस्तित्व में होने के प्रमाण 1882 ई. से ही मिलते हैं, जब विभिन्न रेलवे कंपनियों ने रेलवे संपत्तियों की सुरक्षा के लिए अपने सुरक्षा बल नियुक्त किए थे।  
  • रेलवे सुरक्षा बल अधिनियम, 1957 की धारा 3 के तहत वर्ष 1957 में रेलवे सुरक्षा बल (RPF : Ministryo Railway Protection Force) को सांविधिक बल (Statutory Force) घोषित किया गया।
  • तत्पश्चात वर्ष 1985 में इसे भारत का सशस्त्र बल (Armed Force) घोषित किया गया।  
  • इसका प्रमुख कार्य रेल यात्री एवं रेल संपत्ति की सुरक्षा करना, रेल परिसर में किसी भी प्रकार के अवैध कार्यों पर निगरानी रखना तथा इस संबंध में उचित कार्यवाही करना है। 

वर्तमान परिप्रेक्ष्य 
  • 4 दिसंबर, 2012 को दिल्ली उच्च न्यायालय द्वारा रेलवे सुरक्षा बल को समूह 'ए' सेवा का दर्जा (Group 'A'Service Status) देने
  • का निर्देश दिया था। 
  • 5 फरवरी, 2019 को भारत के सर्वोच्च न्यायालय द्वारा दिल्ली उच्च न्यायालय के इस आदेश को बरकरार रखा गया।  
  • उपरोक्त आदेश के अनुपालन में 30 दिसंबर, 2019 को रेल मंत्रालय ने रेलवे सुरक्षा बल में  समूह 'A' राजपत्रित कैडर को संगठित समूह 'A' दर्जा (OGAS : Organised Group 'A' Status) प्रदान किया।  
  • इसी के साथ रेल मंत्रालय ने उपर्युक्त वर्णित समूह 'A' कैउर
  • को भारतीय रेल सुरक्षा बल सेवा (IRPFS : IndianRailway Protection Force Service) नाम दिया। 

प्रशासनिक सुधारों से लाभ  
  • अधिकारी/कर्मचारियों की प्रगति में अवरोध समाप्त हो जाएगा। 
  • उनके कॅरियर में सुधार होगा। 
  • उनमें प्रेरणा का स्तर बना रहेगा तथा विभाग के योग्य अधिकारी लाभान्वित होंगे।

Post a Comment

Previous Post Next Post