मत्स्य पालन (Pisciculture/Fish Farming)
कृत्रिम साधनों द्वारा मछलियों का प्रजनन, पालन एवं प्रत्यारोपण 'मत्स्य पालन' कहलाता है।
इसके अंग भोजन हेतु मछलियों को बड़े टैंक या बाड़े में व्यावसायिक रूप से विकसित करना शामिल है। इसे ताजे एवं दोनों में किया जा रहा है।

समुद्री मछलियाँ
  • वेलापवर्ती मछलियाँ (खुली समुद्री सतह पर पाई जाने वाली)-मैकरेल, ट्यूना, सारडाइन, हेरिंग सामन
  • सागर नितल पर पाई जाने वाली- हैलोबट, कॉड (Cod)

ताजे जल की मछलियाँ 
  • Surface Feeder – कतला 
  • Column Feeder – रोहू 
  • Bottom Feeder - मृगला

अन्य महत्त्वपूर्ण तथ्य
  • मछली सबसे सस्ती एवं आसानी से पाचन योग्य जंतु प्रोटीन मानी जाती है।
  • भारत में पाई जाने वाली मीठे जल की प्रमुख मछलियाँ: रोहू, कतला, लांची, माँगुर, मृगला, सिंघी आदि हैं।
  • रोहू: भारत में पाई जाने वाली सबसे स्वादिष्ट मछली, जिसे टापरा या रूई नाम से भी जाना जाता है।
  • कतला: देश में सबसे ज्यादा मात्रा में उत्पादित की जाने वाली मछली जो बहुत तेजी से वृद्धि करती है।
  • लांची: एक शल्कविहीन मछली है, जो अत्यधिक मत्स्यन के कारण IUCN के Red list में Near Threatened में शामिल है।
  • मृगला: नदियों के तेज बहाव में अंडे देने वाली मछली है, सिर्फ कावेरी नदी में पाए जाने के कारण इसे IUCN द्वारा Vulnerable का दर्जा मिला है।
  • माँगुरः यह वायु में श्वसन करने वाली ताजे जल की कैट फिश है, जो भारत में पाई जाती है। यह IUCN की Red List में Endangered में वर्गीकृत है।
  • पूरे विश्व में झींगा का सर्वाधिक उत्पादन भारत में होता है एवं यहाँ से झींगा का निर्यात भी होता है।
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